एक फैमिली ऐसी भी-8

पिछला भाग पढ़े:- एक फैमिली ऐसी भी-7

हिंदी चुदाई कहानी अब आगे-

सुबह-सुबह मम्मी मंदिर गयी हुई थी। मैं और दिव्या डाइनिंग टेबल पर बैठे थे। दिव्या बीती रात मेरी और मम्मी की चुदाई देख चुकी थी और मुझसे अपनी फुद्दी भी चुसवा चुकी थी। दिव्या ने मुझे साफ़-साफ़ ही बोल दिया था कि अब वो मुझसे चुदाई करवाना चाहती थी।

थोड़ी ही देर बाद मम्मी मंदिर से वापस आ गयी। मम्मी के पीछे-पीछे दिव्या और काम वाली भी आ गयी। आते ही मम्मी किचन में चली गयी और नाश्ता बनाने में कामवाली का हाथ बंटाने लगी।