प्यारी सुहानी भाभी-3

पिछला भाग पढ़े:- प्यारी सुहानी भाभी-2

भाभी सेक्स कहानी के पिछले पार्ट पढ़ कर आए, तभी समझ में आएगा।

कभी-कभी मेरे मेस में खाना खराब बनता तो मैं भाभी यहां जा के खा लेता था। देखा जाए तो मैं उनका घर का छोटा लड़का बन गया था। पर मैं सबसे करीब भाभी के हो गया था। हमारा बॉन्डिंग बहुत ही बढ़िया था। हम अब रोज बहुत बाते करते थे। उनके घर जाता तो खाना बनाने में भी हेल्प करता और बातें करता था।

रात में दो-दो घंटे बाते करते थे। भाभी कभी गर्लफ्रेंड के बारे में पूछती तो कभी मेरी पसंद के बारे में। वो तो कभी मजाक-मजाक में ये भी बोल देती थी कि बस नौकरी पकड़ो मैं तुम्हारी शादी अपनी छोटी बहन से करवा दूंगी। भैया का कोई भाई नहीं था, इसीलिए शायद वो मुझमें अपना छोटा प्यारा देवर देखती थी।