बेवा अम्मी की आग शांत की दोनों भाइयों ने-5

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मां-बेटा सेक्स कहानी अब आगे-

मैंने कहा, “हाँ बेटा, देख लो अहह उईईईईईईईई इ इ इ माआआआ उफफफफफफ्फ़।” और राशिद तो कमाल ही कर रहा था। वो तो मेरी चूत को ऐसे चूस रहा था जैसे कि लोलीपॉप हो। मैं पूरी तरह मस्त हो कर मज़े ले रही थी। और वो दोनों मुझ पर ऐसे टूटे हुए थे, जैसे मुझे खा ही जाएँगे। मैं तड़प रही थी रशीद इतने प्यार से मेरी चूत को चाट रहा था कि उसके अब्बू ने भी कभी नहीं चाटी थी, ऐसे और मैं कह रही थी-

“आह तुम तो आहह अपने अब्बू से भी अहह अच्छी चाटते अहह हो बेटा। आ उफफफफ ओह हाईईईईईईईउ उ उ उ अहह अहह अहह अहह बहुत मस्त कर रहे हो मुझे अहह अहह।” और अब मैं बहुत ही बेचैन हो रही थी। मेरी कमर उठ-उठ कर उन्हें मुझे चोदने का निमंत्रण दे रही थी। अब मुझसे रहा नहीं जा रहा था, क्यूंकि दो जवान लंड मेरे सामने थे। मेरी चूत भी गिली हो चुकी थी।