पिछला भाग पढ़े:- मम्मी का आशिक-1
मां की चुदाई कहानी अब आगे-
कमल के अंडरवियर में कुतुबमीनार की तरह खड़ा लंड अंडरवियर फाड़ कर बाहर आने को आतुर था। अंडरवियर उतरते ही कमल का 8 लंबा और मोटा लंड हवा में फुंकारने लगा। लम्बे तगड़े लंड को देख कर मम्मी ने शर्म से अपनी आंखें बंद कर ली।
कमल ये देख कर मुस्कराया और बोला, “शीला मेरी जान, आंखें खोलो।” मम्मी ने लरजते हुए अपनी आंखें खोल दी। कमल भैया का लंड उत्तेजना में ऊपर-नीचे होकर मम्मी को सलामी दे रहा था। कमल मम्मी के उपर आ गया। कमल का लंड मम्मी की चूत को टच कर रहा था। कमल दुबारा मम्मी के आम रस चूसने लगा।
कमल के हाथ और होंठ दोनों ही अपना कमल दिखा रहे थे। मम्मी के मुंह से सेक्सी सिसकारियां पूरे माहोल में उत्तेजना भर रही थी। कमल भैया ने मम्मी का सिर पकड़ अपने सुपाड़े पर रख दिया और मम्मी को चूसने को कहा। मम्मी ने अपने नाज़ुक होंठ कमल भैया के सुपाड़े पर चिपका दिए और हल्के-हल्के चूसने लगी। कमल भैया आनंद विभोर हो गए।
थोड़ी देर की लंड चुसाई के बाद कमल भैया ने मम्मी को अपने नीचे ले लिया और मम्मी की ब्रा उतार दी। मम्मी के लकी कबूतर हवा में उड़ने लगे जिन्हें कमल भैया ने फौरन थाम लिया। कमल भैया मम्मी के गुलाबी निप्पलों को अंगूठे से मसल रहे थे। कमल ने मम्मी के रसीले आमों को मुंह में भर लिया और बारी-बारी से उनका रस चूसने लगा। कमल की चुसाई से मम्मी के निप्पल लाल हो गए। कमल के हाथ और होंठ दोनो ही अपना कमाल दिखा रहे थे।
मम्मी के मुंह से सेक्सी सिसकारियां पूरे माहोल में उत्तेजना भर रही थी। मम्मी कमल के फौलादी लौड़े को अपने नाज़ुक हाथों से सहला रही थी। उत्तेजना में कमल का लंड और लंबा मोटा हो गया जो मम्मी के हाथों में मुश्किल से समा रहा था। कमल का लौड़ा सांप की तरह फुंकारने लगा। अब कमल बेकाबू हो चुका था।
कमल ने मम्मी को अपनी गोद में खींच कर चिपका लिया और मम्मी की गुलाबी पंखड़ियों को मुंह में भर लिया। मम्मी को कमल ने इतना कस कर बाहों में समेट रखा था जैसे दो बदन एक जान हो। कमल का लंड मम्मी के गुदाज नितंबों के नीचे दबा अंगड़ाई ले रहा था और मम्मी की चूत में घुसने को बेताब था। मम्मी ने कमल के चौड़े सीने पर चुंबनों की बारिश कर दी।
अब दोनों से बर्दाश्त से बाहर था मम्मी और कमल भैया फुल उत्तेजना में थे और अब दोनों शरीरों के मिलन का समय था। कमल ने मम्मी को बिस्तर पर सीधा लिटाया। मम्मी की मस्त चूचियां हवा में सीधे खड़ी थी। नाभि कमल दमक रहा था। पतली कमर चौड़े कूल्हे केलई जांघें जैसे बिस्तर पर खुद बिपाशा बसु लेटी हो। कमल ने मम्मी पर चढ़ कर मम्मी की दोनों छातियों को थाम लिया और अपना सुपाड़ा मम्मी की गहरी छातियों में सरका दिया।
मम्मी के लिए ये नया अनुभव था। मम्मी की छातियों को भींचे-भींचे कमल अपना लंड अन्दर-बाहर कर रहा था। मम्मी सेक्सी आहें भर रही थी। मम्मी ने कमल का सिर पकड़ अपने होंठों से चिपका दिए। मम्मी की चूत तपने लगी और कमल का लंड भी सुरख अंगारा हो रहा थी। कमल ने मम्मी की गांड के नीचे तकिया लगा दिया। मम्मी की चूत उभर आई। चूत की दोनों खांपो की बीच लाल छेद कमल के लंड को आमंत्रण दे रहा था।
अब कमल ने अपने लंड को मम्मी की चूत पर रगड़ना शुरु कर दिया और हल्के से चूत के मुंह पर ठोकर मारी। मम्मी गनगना उठी आहहह आहहह। कमल ने लंड को एक झटके से मम्मी की चूत में घुसेड़ दिया। मम्मी की चीख निकल गई। कमल ने मम्मी के रस भरे होंठों को अपने होंठों में कस लिया। मम्मी की चीख मुंह में दब गई।
कमल हल्के-हल्के धक्के मार कर मम्मी की चूत के दरवाजे को खोलने लगा। मम्मी दर्द से सिसकाने लगी जेसे कोई कुंवारी लड़की पहली बार चुद रही हो। कमल ने मम्मी के सुडौल पपीतों को मुंह में भर लिया। कुछ देर में मम्मी का दर्द कम हुआ और उन्हें मजा आने लगा। उतेजना में मम्मी तड़प रही थी। कमल ने एक जोरदार झटके से अपना लंड मम्मी की चूत में पूरा घुसेड़ दिया।
मम्मी के मुंह से हल्की चीख निकल गई। लंड चूत की जड़ तक घुस गया। कमल ने फोरन उनके होंठो को अपने मुंह मे भर लिया। अब कमल फूल स्पीड मे धक्के मार रहा था। मम्मी भी दर्द को भूल कर मजे मे आह्ह्ह उहहा करने लगी। पूरे माहौल में मम्मी की मादक सिसकारियां गूंज रही थी। कमल धक्के पर धक्के लगा रहा। मम्मी बेहाल थी।
तभी कमल ने अपना लंड निकाल कर मम्मी को उल्टा कर दिया और मम्मी को घोड़ी बना मम्मी के पीछे से उन पर चढ़ गया और मम्मी की चूत में लंड डाल जोर-जोर धक्के मारने लगा।
मम्मी की टाइट चूचियों को दोनों हाथों में पकड़ कमल मसल रहा था। मम्मी बेहाल हो रही थी। “बस-बस अब नहीं प्लीज़। हौले-हौले करो, दर्द हो रहा है प्लीज़ आहहह नहीं ना नहीं ना।” मम्मी धीरे-धीरे पस्त पड़ रही थी, लेकिन कमल का लंड अभी भी पूर्ण उतेजना में था। शायद उसने कोई मेडिसिन खाई थी। कमल ने मम्मी को गोदी में ले अपने से सीधा चिपका लिया।
मम्मी की चट्टान जैसी छातियां कमल के सीने में धंस गई। कमल ने बिना देर किए अपने लंड पर मम्मी के नितम्बों को दबा कर लंड चूत में धकेल दिया। मम्मी की कराह निकल गई। आआ मैं मर गई आहहह। कमल मम्मी के गोल नितम्बों को थाम उपर-नीचे करने लगा। आहहह आहहह उफ्फ आहहह उफ्फ मम्मी खुद ही कमल की गोद में ऊपर-नीचे होकर धक्के मारने लगी।
कमल का लंड मम्मी की चूत की जड़ तक जा रहा था। सडडड सडडड कमल ने मम्मी के पपीतों को मुंह में भर लिया। दो जिस्म एक जान हो गए। “बस करो ना।” एक घंटे की घनघोर नॉन स्टॉप चुदाई के बाद कमल ने हिचकी ली और अपना वीर्य मम्मी की चूत में छोड़ दिया। मम्मी निढाल हो बिस्तर पर लुढ़क गई। कमल भी उन पर पसर गया। कमल ने मम्मी को बांहों मे भर लिया और उनके होंठो को धीरे-धीरे चूसने लगा।
इतनी लम्बी चुदाई के बाद मम्मी को थोड़ी राहत मिली। दोनों एक-दूसरे की बांहों में चिपके पड़े थे। थोड़ी देर बाद मम्मी ने कपड़े पहने और बाल चेहरा सही किया। कमल ने भी कपड़े पहन लिये पर वो मम्मी को छोड़ नही रहा था और उपर से चूचियों को दबा रहा था। शायद उसका मन नहीं भरा था। सेक्स की प्यास ही ऐसी है।
मम्मी ने उसे मना किया। लेकिन कमल ने मम्मी को खींच कर गोदी में बैठा लिया और मम्मी को दबाने लगा। “शीला आज रात को यहां ही रूक जाना, चाचा तो कल आयेंगे। मेरी बात हुई थी उनसे। आज सुहागरात भी मना लें।” मम्मी ने शर्माते हुए कमल के होंठों पर किस्स किया।
मम्मी: रूबी घर पर अकेली है। रात में आना नहीं हो सकता है।
कमल: तो मैं आ जाऊंगा मेरी जान। रुबी का इंतजाम है मेरे पास। खाने के बाद उसे नींद की गोली खिला देना, वो सुबह ही उठेगी।
मम्मी ने मुस्कुरा कर कमल की छाती चूम ली। मामला सेट था। कमल ने जोश में मम्मी के होंठों को चूम लिया।
कमल: शीला आज रात हमारी सुहागरात है, तो दुल्हन की तरह तैयार रहना मेरी रानी। आज पूरी रात तुझे कस कर मसलूंगा। सालों से तेरा आशिक हूं, लेकिन तुमने भाव ही नहीं दिया। बड़ी मुश्किल से तुम हाथ लगी हो, अब छोड़ूंगा नहीं।
मम्मी ने सेक्सी अंदाज में कहा: ठीक है।
कमल: कहो ठीक है मेरे राजा।
मम्मी शरमा कर कर बोली: जी मेरे राजा।
और अपना मुखड़ा कमल की छाती में छुपा लिया। मम्मी गोद से उठी और चलने लगी। कमल ने गेट खोला और इधर-उधर देखा। लाइन क्लीयर होने पर मम्मी को बाहर आने का इशारा किया। मम्मी बाहर आ गई और दरवाजा खोल कर घर मे घुस गई।
रात को बारह बजे कमल चुपके से घर आ गया। मम्मी लाल जोड़े में नवेली दुल्हन की तैयार थी। कमल ने घुसते ही मम्मी को दबोच गोद में उठा लिया और चूमते हुए बेडरूम में ले आ। सेक्स का भयंकर तूफान रात भर चला। मम्मी का अंग-अंग कमल की चुदाई से खिल उठा। कमल ने मौका मिलने पर मम्मी को खूब चोदा। यहां तक की एक बार मेरे सामने ही मम्मी को दबोच कर कमरे मे घुस कर चुदाई की। पापा और मेरे जाने के बाद कमल अब मम्मी की खूब चुदाई करता है। मम्मी पर हर वक्त मादकता छाई रहती है।